ग्रंथसार
गाँव की सरहद पर स्थित वह स्थान, जहाँ गाँव की देवी का पहरा है और जहाँ से आगे कोई बुराई नहीं आ सकती।
क्षेत्रीय देवी-देवता · पाठ 2
ग्राम देवी और सीमा रेखा