ग्रंथसार
रेगिस्तान और पहाड़ों की पगडंडियों पर चलते हुए चांदी के गहनों की रुनझुन एक अलग ही लय पैदा करती है।
लोक कला एवं शिल्प · पाठ 22
चरवाहा समुदायों के चांदी के आभूषण