ग्रंथसार
कांगड़ा की पहाड़ियों में बसी माता बज्रेश्वरी का धाम शक्ति और करुणा का वह संगम है, जहाँ श्रद्धा का दीपक सदियों से बिना रुके जल रहा है।
राज्यवार प्रमुख हिंदू मंदिर एवं तीर्थ · पाठ 46
बज्रेश्वरी देवी