ग्रंथसार
पूर्वजों को याद करने का यह पखवाड़ा हमें अपनी जड़ों से जोड़ता है और यह सिखाता है कि हम आज जो हैं, वह हमारे पुरखों की ही देन है।
त्योहार एवं व्रत · पाठ 35
पितृपक्ष: पूर्वजों का स्मरण