ग्रंथसार
महाभारत के उस महाविनाशक रात्रि युद्ध में घटोत्कच का बलिदान केवल एक मृत्यु नहीं, बल्कि धर्म की विजय का एक अदृश्य सोपान था।
अनसुनी कथाएँ · पाठ 96
जब घटोत्कच ने कर्ण को अपनी दिव्य शक्ति चलाने पर विवश कर दिया (विस्तार)