ग्रंथसार
अहंकार और वासना की अग्नि में जलकर कैसे भस्म हो गए वे दो महाबलवान दैत्य, आइए इस रहस्य को गुरु-शिष्य की इस पावन चर्चा से जानते हैं।
आदिपर्व · अध्याय 203
सुन्द-उपसुन्द का संहार