ग्रंथसार
आइए, आज हम उस पावन भृगुवंश के गौरवशाली इतिहास के साक्षी बनते हैं, जहाँ तपस्या और तेज की सरिता निरंतर प्रवाहित होती है।
आदिपर्व · अध्याय 4
पौलोम पर्व — भृगु वंश का माहात्म्य