ग्रंथसार
क्या सदाचार मात्र एक सामाजिक व्यवहार है, या यह आत्मा की शुद्धि का कोई गूढ़ मार्ग है?
अनुशासनपर्व · अध्याय 28
सदाचार और धर्मपरायणता