ग्रंथसार
क्या कुरुक्षेत्र का भीषण रक्तपात भी आत्म-ज्ञान का मार्ग प्रशस्त कर सकता है? आइए, सूतजी के मुख से इस गूढ़ रहस्य को जानते हैं।
आश्वमेधिकपर्व · अध्याय 32
आत्म-साक्षात्कार का पथ