ग्रंथसार
श्रीकृष्ण के हस्तिनापुर से द्वारका गमन की वह यात्रा केवल एक मार्ग का प्रस्थान नहीं, बल्कि एक युग की पूर्णता का पावन दर्शन थी।
आश्वमेधिकपर्व · अध्याय 78
श्रीकृष्ण का द्वारका गमन