ग्रंथसार
क्या आपने कभी सोचा है कि इस विशाल सृष्टि का आधार क्या है और हम इसके चक्र में क्यों बँधे हैं?
शान्तिपर्व · अध्याय 214
समस्त अस्तित्व का मूल