ग्रंथसार
एक सफल शासन का आधार केवल राजा की शक्ति नहीं, बल्कि उसके उन परामर्शदाताओं की दूरदर्शिता है जो सत्य का दर्पण दिखाने का साहस रखते हैं।
शान्तिपर्व · अध्याय 86
मंत्रणा और सुयोग्य परामर्श का महत्व