ग्रंथसार
श्रीराम के राज्याभिषेक की यह कथा हमें उस मंगल की ओर ले जाती है, जिसमें सम्मान केवल राजा का नहीं, साथ निभाने वालों का भी होता है।
शयन से पहले — सोने से पहले सुनें · पाठ 8
रामराज्य का मंगल