ग्रंथसार
गोकुल की गलियों में गूंजी कान्हा की किलकारियों ने ग्वाल-बालों और गोपियों के हृदय में प्रेम का सागर उमड़ दिया।
भागवत पुराण · अध्याय 38
कृष्ण बाल लीलाएं