ग्रंथसार
सीता के विरह में राम का धैर्य डगमगा गया और उनका हृदय करुणा और व्याकुलता के अथाह सागर में डूब गया।
अरण्यकाण्ड · सर्ग 61
सीता के वियोग में श्रीराम का विलाप