ग्रंथसार
जिस वानर के मुख से प्रियतम का कुशल-संदेश मिला, उसी को देखकर माता सीता के मन में प्रश्न उठा—कहीं यह रावण का नया छल तो नहीं?
सुन्दरकाण्ड · सर्ग 34
हनुमान जी और सीता जी का प्रथम संवाद