ग्रंथसार
सुनिए भगवान श्री राम के मुख से राजा इल की वह विस्मयकारी कथा, जब एक शापवश एक पराक्रमी राजा का रूप ही बदल गया।
उत्तरकाण्ड · सर्ग 58
राजा इल का स्त्री-रूप में परिवर्तन